मंगलवार, 8 नवंबर 2011

पावापुरी यात्रा

पटना ८ नवम्बर २०११,
             बिहार लालित कला अकादमी एवं कला संस्कृति एवं युवा विभाग, बिहार सरकार के सौजन्य से आयोजित  अखिल भारतीय कलाकार शिविर २०११ का आज चौथा दिन है / शिविर के कार्यक्रम  के अनुसार देश के विभिन्न राज्यों से आए २५ कलाकार अपनी दो दिवसीय बिहार भ्रमण के बाद ७ नवम्बर को  पटना वापस लौट आए / कलाकारों को सबसे पहले भगवन महावीर के निर्वान स्थल पावापुरी का दर्शन कराया गया , उसके बाद नालंदा होते हुए राजगीर में रात्रि विश्राम के बाद अगले दिन सुबह वहा के विभिन्न धार्मिक एवं ऐतिहासिक स्थलों का भी अवलोकन कलाकारों को कराया गया / राज्य के बहार से आए कलाकारों ने राजगीर के वीरायतन की झाकियों एवं वहा  की खुबसूरत पहाड़ी नजरो को देख अचंभित रह गए / उन्हें यह भी कहते सुना गया कि बिहार की इतनी समृद्ध है इस बात का पता उन्हें पहले नहीं था लेकिन अब उन्हें यहाँ बार-बार आने की इक्षा है / राजगीर में घूमने  के बाद कलाकारों को बोध गया के भी दर्शन करे गए / इन सभी जगहों को देखने एवं अपने कैमरे में कैद करने के बाद रात १० बजे  पटना वापस लौट आए / 
बोधगया
          यात्रा के दौरान सुरक्षित किए गए विभिन्न जानकारियों के साथ कलाकारों ने अपने मनोभावों को कैनवास पर उकेरने का काम फ्रेज़र रोड स्थित बहुउद्देशीय सांस्कृतिक परिसर में आज से प्रारंभ कर दिया / सभी कलाकार अगले चार दिनों तक  यही रह कर कला सृजन करेंगे / इन कलाकृतियों की प्रदर्शनी ११ एवं १२ नवम्बर को किया जाएगा / 
बोधगया

           आज शाम तीन प्रतिभागी कलाकारी के पूर्व निर्मित चित्रों का पवार पॉइंट प्रदर्शन किया गया , जिनमे प्रो. बिरेश्वर भट्टाचार्य , प्रो. श्याम शर्मा एवं रविन्द्र दास के चित्रों को कलाप्रेमियो के सामने प्रदर्शित किया गया /
अखिल भारतीय कलाकार शिविर 

अखिल भारतीय कला शिविर